प्राचार्य के समर्थन में छात्र-छात्राओं ने सौंपा ज्ञापन
आरोपों को बताया निराधार, निष्पक्ष जांच की मांग

अजयगढ़। शासकीय महाविद्यालय अजयगढ़ के प्राचार्य पर कुछ दिन पूर्व छात्राओं द्वारा लगाए गए कथित अनुचित व्यवहार के आरोपों के बाद अब महाविद्यालय के अन्य छात्र-छात्राएं प्राचार्य के समर्थन में सामने आए हैं। गुरुवार 8 अक्टूबर को छात्र-छात्राओं ने पुलिस अधीक्षक पन्ना और कलेक्टर पन्ना के नाम ज्ञापन सौंपकर पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने की मांग की। छात्र-छात्राएं हाथों में तख्तियां लेकर ज्ञापन देने पहुंचे। ज्ञापन में कहा गया कि प्राचार्य पर कुछ छात्राओं द्वारा लगाए गए अनुचित व्यवहार और गलत तरीके से छूने संबंधी आरोप निराधार हैं। विद्यार्थियों ने इन आरोपों का खंडन करते हुए कहा कि प्राचार्य का व्यवहार छात्र-छात्राओं के प्रति सामान्य, गरिमापूर्ण और अभिभावक जैसा रहता है। ज्ञापन में कहा गया कि लगाए गए आरोपों के कारण प्राचार्य के साथ-साथ महाविद्यालय के अन्य शिक्षक और कर्मचारी भी मानसिक दबाव में हैं। छात्र-छात्राओं का आरोप है कि कुछ आरोपों के माध्यम से प्राचार्य की सामाजिक एवं व्यक्तिगत छवि खराब करने का प्रयास किया जा रहा है। विद्यार्थियों ने अधिकारियों से मांग की कि मामले की जांच निष्पक्ष तरीके से की जाए और केवल कुछ विद्यार्थियों के बयान के आधार पर निष्कर्ष न निकाला जाए। छात्र-छात्राओं ने यह भी मांग की कि जांच के दौरान महाविद्यालय में अध्ययनरत अधिक से अधिक विद्यार्थियों से बातचीत की जाए, ताकि प्राचार्य के कार्य व्यवहार और पूरे मामले की वास्तविक स्थिति सामने आ सके। उनका कहना है कि सभी पक्षों को सुनने के बाद ही किसी निष्कर्ष पर पहुंचा जाना चाहिए। ज्ञापन देने वालों में प्रेमवती, अनुज बुंदेला, निशा, ज्योति यादव, सपना, हेमा, गुड़िया, मनमोहन, जयप्रकाश, अरुण, पूनम, सीमा रजक, अर्पित सेन, अंजू सहित महाविद्यालय के अन्य छात्र-छात्राएं शामिल रहे।



