Namo Bharat: ऋषिकेश तक जाएगी दिल्ली-मेरठ नमो भारत, ये रही डिटेल

Namo Bharat: दिल्ली-Meerut नमो भारत ट्रेन को लेकर उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के लोगों के लिए बड़ी खबर सामने आई है। दिल्ली-मेरठ नमो भारत यानी RRTS कॉरिडोर को ऋषिकेश तक बढ़ाने की योजना पर काम आगे बढ़ रहा है। उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने मुजफ्फरनगर में इसकी जानकारी दी। इस विस्तार से पश्चिमी उत्तर प्रदेश के साथ-साथ उत्तराखंड के प्रमुख शहरों की कनेक्टिविटी बेहतर होने की उम्मीद है। प्रस्तावित विस्तार में मुजफ्फरनगर, रुड़की, हरिद्वार और ऋषिकेश जैसे शहरों को जोड़ा जाना है।
मेरठ से ऋषिकेश तक बनेगा नया कॉरिडोर
मौजूदा नमो भारत नेटवर्क दिल्ली से मेरठ के मोदीपुरम तक संचालित है। अब इसे आगे बढ़ाकर ऋषिकेश के लक्ष्मणझूला क्षेत्र तक ले जाने की योजना है। उत्तराखंड सरकार की आधिकारिक जानकारी के अनुसार, उत्तराखंड, उत्तर प्रदेश और NCRTC के बीच इस विस्तार को लेकर सहमति बन चुकी है। करीब 150 किलोमीटर लंबे नए ट्रैक की DPR तैयार करने के लिए सर्वे की प्रक्रिया शुरू की जा रही है।
प्रस्तावित कॉरिडोर में मेरठ के मोदीपुरम से आगे मुजफ्फरनगर, पुरकाजी, रुड़की और हरिद्वार होते हुए ऋषिकेश तक कनेक्टिविटी देने की योजना है। इसमें करीब 72 किलोमीटर हिस्सा उत्तर प्रदेश और 78 किलोमीटर हिस्सा उत्तराखंड में आने की जानकारी दी गई है।
दिल्ली से ऋषिकेश का सफर होगा तेज
इस परियोजना का सबसे बड़ा फायदा दिल्ली-NCR और उत्तराखंड के बीच यात्रा करने वाले लोगों को मिल सकता है। फिलहाल दिल्ली से ऋषिकेश जाने में सड़क मार्ग से करीब 5 से 6 घंटे तक लग सकते हैं। प्रस्तावित नमो भारत सेवा शुरू होने के बाद यात्रा का समय घटकर करीब ढाई से तीन घंटे होने का अनुमान है।
नमो भारत ट्रेन की अधिकतम परिचालन गति करीब 160 किलोमीटर प्रति घंटे बताई गई है। हालांकि, ऋषिकेश तक विस्तारित कॉरिडोर पर वास्तविक यात्रा समय और परिचालन व्यवस्था DPR, डिजाइन और परियोजना के अंतिम स्वरूप के बाद ही स्पष्ट होगी।
मुजफ्फरनगर और रुड़की को भी मिलेगा फायदा
इस विस्तार का लाभ केवल ऋषिकेश या हरिद्वार तक सीमित नहीं रहेगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर और आसपास के इलाकों को भी तेज क्षेत्रीय रेल कनेक्टिविटी मिल सकती है। इससे रोजाना यात्रा करने वाले लोगों, नौकरीपेशा लोगों, व्यापारियों और छात्रों के लिए आवाजाही आसान होने की उम्मीद है।
इसके अलावा उत्तराखंड जाने वाले पर्यटकों और तीर्थयात्रियों के लिए भी यह परियोजना महत्वपूर्ण मानी जा रही है। हरिद्वार और ऋषिकेश देश के प्रमुख धार्मिक और पर्यटन केंद्र हैं। तेज रेल कनेक्टिविटी मिलने से इन शहरों तक पहुंचने में समय कम हो सकता है और पर्यटन गतिविधियों को भी बढ़ावा मिल सकता है।
हरिद्वार और ऋषिकेश की कनेक्टिविटी पर भी जोर
उत्तराखंड में नमो भारत के विस्तार के साथ ही हरिद्वार और ऋषिकेश के बीच बेहतर शहरी परिवहन की योजनाओं पर भी काम चल रहा है। सितंबर 2026 की रिपोर्टों के अनुसार, हरिद्वार-ऋषिकेश के बीच मेट्रो नियो चलाने का प्रस्ताव भी सामने आया है। इससे भविष्य में इस क्षेत्र में नमो भारत और स्थानीय सार्वजनिक परिवहन के बीच बेहतर कनेक्टिविटी बनाने की संभावना है।
गंगा एक्सप्रेसवे का भी हरिद्वार तक विस्तार
मुख्यमंत्री धामी ने मुजफ्फरनगर में अपने संबोधन के दौरान गंगा एक्सप्रेसवे के हरिद्वार तक विस्तार का भी उल्लेख किया। सड़क और रेल दोनों स्तर पर कनेक्टिविटी बढ़ने से पश्चिमी उत्तर प्रदेश और उत्तराखंड के बीच आवागमन और मजबूत होने की उम्मीद है।
नमो भारत के प्रस्तावित विस्तार को लेकर फिलहाल DPR और सर्वे से जुड़ी प्रक्रिया आगे बढ़ रही है। परियोजना के अगले चरण में रूट, स्टेशन, निर्माण लागत और समयसीमा जैसी जानकारियां अधिक स्पष्ट होंगी। यदि योजना तय समय के अनुसार आगे बढ़ती है, तो दिल्ली-NCR से हरिद्वार और ऋषिकेश तक तेज क्षेत्रीय रेल कनेक्टिविटी का नया विकल्प तैयार हो सकता है।




